Sale!

Jataka Tatwam | Dr. Suresh Chandra Mishra | Ranjan Publications | Sanskrit Text with Hindi Commentary

Original price was: ₹350.00.Current price is: ₹309.00.

+ Free Shipping

‘जातक तत्त्वम्’ भारतीय वैदिक फलित ज्योतिष का एक प्रसिद्ध एवं प्रामाणिक शास्त्रीय ग्रंथ है। मूल रूप से यह ग्रंथ महादेव पाठक द्वारा रचित माना जाता है, जिसे बाद में उनके पुत्र श्रीनिवास महादेव पाठक ने हिन्दी में प्रस्तुत किया। वर्तमान संस्करण में डॉ. सुरेश चन्द्र मिश्र ने संस्कृत मूल पाठ का सरल हिन्दी अनुवाद, विस्तृत व्याख्या एवं आधुनिक अध्ययन की दृष्टि से उपयोगी टिप्पणियाँ प्रदान की हैं। Ranjan Publications द्वारा प्रकाशित यह पुस्तक जन्मकुण्डली विश्लेषण, ग्रहफल, भाव विचार, योग, स्त्री जातक, दशा तथा व्यावहारिक फलित ज्योतिष के अध्ययन हेतु विद्यार्थियों, शोधार्थियों एवं पेशेवर ज्योतिषाचार्यों के लिए एक उत्कृष्ट संदर्भ ग्रंथ है।

Availability: 3 in stock

Guaranteed Safe Checkout

‘जातक तत्त्वम्’ (Jataka Tatwam) भारतीय फलित ज्योतिष का एक अत्यंत महत्वपूर्ण क्लासिकल ग्रंथ है, जिसे आधुनिक ज्योतिष अध्ययन में आज भी प्रमुख संदर्भ ग्रंथों में गिना जाता है। इस ग्रंथ के मूल रचयिता महादेव पाठक माने जाते हैं, जिन्होंने जन्मकुण्डली के सूक्ष्म विश्लेषण, ग्रहों के प्रभाव, योगों की रचना तथा दशा विचार को अत्यंत व्यवस्थित रूप में प्रस्तुत किया।

प्रस्तुत संस्करण में डॉ. सुरेश चन्द्र मिश्र ने संस्कृत मूल श्लोकों का सरल हिन्दी अनुवाद, विस्तृत भाष्य तथा व्यावहारिक व्याख्या दी है, जिससे यह ग्रंथ केवल संस्कृत के विद्वानों तक सीमित न रहकर हिन्दी माध्यम के विद्यार्थियों एवं शोधकर्ताओं के लिए भी अत्यंत उपयोगी बन गया है। Ranjan Publications द्वारा प्रकाशित यह संस्करण शास्त्रीय प्रामाणिकता एवं सरल प्रस्तुति का उत्कृष्ट उदाहरण है।


ग्रंथ का ऐतिहासिक एवं शास्त्रीय महत्व

जातक तत्त्वम् को वैदिक फलित ज्योतिष के महत्वपूर्ण ग्रंथों में स्थान प्राप्त है। इसमें जन्मकुण्डली के गहन अध्ययन के लिए आवश्यक सिद्धांतों को व्यवस्थित रूप से पाँच प्रमुख विभागों (तत्त्वों) में प्रस्तुत किया गया है। यह ग्रंथ विशेष रूप से जन्म विश्लेषण (Natal Astrology), दशा फल, स्त्री जातक, जन्म परिस्थितियों का विश्लेषण तथा व्यावहारिक फलादेश के लिए प्रसिद्ध है।

अनेक आधुनिक ज्योतिषाचार्य इस ग्रंथ को बृहत् पाराशर होरा शास्त्र, बृहत् जातक, फलदीपिका, सारावली एवं अन्य क्लासिकल ग्रंथों के साथ अध्ययन करने की अनुशंसा करते हैं, क्योंकि यह फलित ज्योतिष के अनेक महत्वपूर्ण सिद्धांतों को सरल एवं व्यवस्थित रूप में प्रस्तुत करता है।


पुस्तक की प्रमुख विशेषताएँ

  • महादेव पाठक कृत प्रसिद्ध शास्त्रीय ज्योतिष ग्रंथ।
  • संस्कृत मूल पाठ सहित सरल हिन्दी भाष्य।
  • डॉ. सुरेश चन्द्र मिश्र की विस्तृत व्याख्या।
  • जन्मकुण्डली विश्लेषण की व्यवस्थित पद्धति।
  • ग्रह, राशि एवं भावों का विस्तृत अध्ययन।
  • योग एवं दशा फल का शास्त्रीय विवेचन।
  • स्त्री जातक पर विशेष अध्याय।
  • व्यावहारिक फलादेश की पारंपरिक विधियाँ।
  • शोधार्थियों एवं पेशेवर ज्योतिषियों के लिए उपयोगी।
  • लगभग 360 पृष्ठों का विस्तृत अध्ययन ग्रंथ।

पुस्तक में प्रमुख विषय

इस ग्रंथ में उपलब्ध संस्करणों के अनुसार मुख्यतः निम्न विषयों का अध्ययन मिलता है—

  • ज्योतिष की आधारभूत संज्ञाएँ
  • जन्म समय एवं प्रसूति विचार
  • ग्रहों का स्वरूप एवं कारकत्व
  • राशियों का विस्तृत विवेचन
  • बारह भावों का फल
  • ग्रह दृष्टि एवं युति
  • ग्रहबल
  • शुभ एवं अशुभ योग
  • राजयोग एवं धनयोग
  • आयु विचार
  • स्त्री जातक
  • विवाह एवं दाम्पत्य विचार
  • संतान विचार
  • दशा एवं अन्तर्दशा
  • ग्रहों के व्यावहारिक फल
  • जन्मकुण्डली का क्रमबद्ध विश्लेषण

हिन्दी भाष्य की विशेषता

डॉ. सुरेश चन्द्र मिश्र ने मूल संस्कृत श्लोकों की शास्त्रीय भावना को सुरक्षित रखते हुए उनका सरल एवं स्पष्ट हिन्दी अनुवाद प्रस्तुत किया है। कठिन ज्योतिषीय सिद्धांतों को उदाहरणों एवं व्याख्याओं के माध्यम से समझाया गया है, जिससे यह पुस्तक प्रारम्भिक विद्यार्थियों से लेकर अनुभवी ज्योतिषाचार्यों तक सभी के लिए समान रूप से उपयोगी बन जाती है।


यह पुस्तक किन पाठकों के लिए उपयुक्त है?

यह पुस्तक विशेष रूप से—

  • वैदिक ज्योतिष के विद्यार्थी
  • फलित ज्योतिष के शोधार्थी
  • जन्मकुण्डली विश्लेषण सीखने वाले विद्यार्थी
  • पेशेवर ज्योतिषाचार्य
  • संस्कृत एवं हिन्दी ज्योतिष साहित्य के अध्ययनकर्ता
  • विश्वविद्यालय स्तर के शोधकर्ता
  • क्लासिकल ज्योतिष ग्रंथों के संग्राहक

के लिए अत्यंत उपयोगी संदर्भ ग्रंथ है।


इस पुस्तक को क्यों पढ़ें?

यदि आप जन्मकुण्डली के शास्त्रीय विश्लेषण, ग्रहों के वास्तविक प्रभाव, योगों की व्याख्या तथा दशा प्रणाली को मूल ग्रंथों के आधार पर समझना चाहते हैं, तो जातक तत्त्वम् आपके अध्ययन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण ग्रंथ है। संस्कृत मूल पाठ, हिन्दी भाष्य एवं विस्तृत व्याख्या इसे विद्यार्थियों, शोधकर्ताओं तथा व्यावसायिक ज्योतिषाचार्यों के लिए एक विश्वसनीय एवं दीर्घकालिक संदर्भ पुस्तक बनाती है।

Weight400 g
Dimensions22 × 14 × 4 cm
Binding

Paperback

Language

Hindi

Publication

Ranjan Publications

Author

Dr. Suresh Chandra Mishra

Pages

358

Reviews

There are no reviews yet.

Be the first to review “Jataka Tatwam | Dr. Suresh Chandra Mishra | Ranjan Publications | Sanskrit Text with Hindi Commentary”

Your email address will not be published. Required fields are marked *

You may also like…

Shopping Cart
Jataka Tatwam | Dr. Suresh Chandra Mishra | Ranjan Publications | Sanskrit Text with Hindi CommentaryJataka Tatwam | Dr. Suresh Chandra Mishra | Ranjan Publications | Sanskrit Text with Hindi Commentary
Original price was: ₹350.00.Current price is: ₹309.00.

Availability: 3 in stock